सोशल मीडिया पर पिछले कुछ दिनों से “19 Minute Viral Video” की चर्चा थमने का नाम नहीं ले रही है। यह वीडियो एक सनसनीखेज विषय बन चुका है, जिसने भारत के विभिन्न हिस्सों में उत्सुकता और डर का माहौल पैदा कर दिया है। इस वीडियो को लेकर सोशल मीडिया यूजर्स के बीच खूब अफवाहें फैल रही हैं। इसी बीच, हरियाणा पुलिस के साइबर सेल अधिकारी अमित यादव ने एक महत्वपूर्ण बयान जारी किया है, जिसने इस पूरे मामले को एक नया मोड़ दे दिया है।
साइबर सेल अधिकारी अमित यादव ने साफ तौर पर कहा है कि 19 Minute Viral Video असली नहीं है, बल्कि यह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग करके बनाया गया है। पुलिस ने आम जनता को यह चेतावनी दी है कि वे इस क्लिप को किसी भी हाल में शेयर या फॉरवर्ड न करें, क्योंकि ऐसा करना भारतीय कानून के तहत एक गंभीर आपराधिक अपराध है। 19 Minute Viral Video के कारण निर्दोष इन्फ्लुएंसर्स (Influencers) को भी शर्मिंदगी का सामना करना पड़ा है, जिसने डीपफेक के खतरे को एक बार फिर उजागर कर दिया है।
1. 19 Minute Viral Video का ‘AI कनेक्शन’: पुलिस का बड़ा खुलासा
सोशल मीडिया पर यह दावा किया जा रहा था कि यह वीडियो 19 मिनट और 34 सेकंड का है और इसमें एक युवा जोड़े के निजी पल कैद हैं। लेकिन पुलिस ने अब इस दावे की हवा निकाल दी है।
क्लिप असली नहीं, AI-जनरेटेड है
हरियाणा पुलिस के साइबर सेल अधिकारी अमित यादव ने एक वीडियो संदेश में कहा है कि यह 19 Minute Viral Video वास्तविक नहीं है। उनके अनुसार, जो कंटेंट वायरल हो रहा है, वह आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग करके बनाया गया है। अधिकारी ने यह भी बताया कि ‘पार्ट 2’ और ‘पार्ट 3’ के नाम से जो अन्य क्लिप्स सर्कुलेट हो रहे हैं, वे भी AI से बनाए गए लगते हैं।
फेक दावों पर भ्रम
इस वीडियो को लेकर भारी भ्रम फैला। कुछ यूजर्स ने इसे वयस्क कंटेंट बताया, तो कुछ ने इसे AI-जनरेटेड बताया। कुछ सोशल मीडिया यूज़र्स ने तो एक पुराने वीडियो में दिख रहे लड़के की पिटाई को इस क्लिप से जोड़ दिया, जो फैक्ट-चेक में पूरी तरह गलत साबित हुआ।
