भारत के सर्वोच्च न्यायालय (Supreme Court of India) ने एक ऐतिहासिक आदेश जारी करते हुए देशभर के राष्ट्रीय राजमार्गों (National Highways) से आवारा पशुओं को हटाने का निर्देश दिया है।
अदालत ने कहा कि सड़क हादसों में लगातार बढ़ रही आवारा पशुओं की भूमिका चिंताजनक है और इसे रोकने के लिए राज्य सरकारों को सख्त कदम उठाने होंगे।
Supreme Court का स्पष्ट निर्देश
मुख्य न्यायाधीश की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय बेंच ने अपने आदेश में कहा —
“राजमार्गों पर मानव और पशु दोनों की सुरक्षा सर्वोपरि है। राज्य सरकारें यह सुनिश्चित करें कि राष्ट्रीय राजमार्गों पर कोई भी आवारा पशु न हो।”
अदालत ने केंद्र और राज्यों से कहा कि वे इस संबंध में समग्र कार्ययोजना (Comprehensive Action Plan) तैयार करें,
जिसमें पशुओं के पुनर्वास, गोशालाओं की संख्या बढ़ाने और संस्थानों के आसपास फेंसिंग लगाने जैसे कदम शामिल हों।
सड़क हादसों में बढ़ोतरी की चिंता
पिछले कुछ वर्षों में भारत में सड़क हादसों का एक बड़ा कारण आवारा पशु बन गए हैं।
केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्रालय के आँकड़ों के अनुसार —