
Bihar Election 2025 के दूसरे चरण का मतदान 11 नवंबर को होने जा रहा है, जिसमें प्रदेश के 20 जिलों की 122 सीटों पर जनता अपनी सरकार चुनने के लिए वोट डालेगी। यह चरण न सिर्फ उम्मीदवारों की किस्मत का फैसला करने वाला है, बल्कि पूरे राज्य की राजनीति की दिशा तय करेगा। बीजेपी, जेडीयू, आरजेडी और लोजपा समेत सभी राजनीतिक दलों के दिग्गज नेता जनता को अपने पक्ष में लामबंद करने के लिए पूरा जोर लगाते दिखे और प्रचार का समापन चुनावी गर्मी के बीच हुआ।
Bihar Election 2025 : दूसरे चरण में कितना है मतदान का गणित
बिहार चुनाव के दूसरे चरण में कुल 3 करोड़ 70 लाख 13 हजार 556 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इनमें 1,95,44,041 पुरुष, 1,74,68,572 महिला और 943 थर्ड जेंडर मतदाता हैं. पहली बार वोट डालने वाले करीब 7.7 लाख फ्लोटिंग मतदाता किसी भी सीट पर समीकरण बदल सकते हैं। युवा वोटर निर्णायक भूमिका में हैं, जिनका रुझान कई सीटों पर खेल बदल सकता है। इसी तरह, 6,255 सौ वर्ष से अधिक उम्र के बुजुर्ग, 4,87,219 वरिष्ठ मतदाता (80+), 4,04,615 दिव्यांगजन और 63,373 सेवा मतदाता भी लोकतंत्र के पर्व का हिस्सा बनेंगे।
Bihar Election 2025 : 122 सीटों पर सीधी और बहुकोणीय टक्कर
दूसरे चरण की 122 विधानसभा सीटों में 101 सामान्य, 19 अनुसूचित जाति और 2 अनुसूचित जनजाति की सीटें शामिल हैं। इनमें से कैमूर का चैनपुर, रोहतास का सासाराम और गया शहर सबसे हॉट सीट हैं, जहां 22-22 प्रत्याशी मैदान में हैं। वहीं रक्सौल, लौरिया, बनमनखी, चनपटिया, सुगौली और त्रिवेणीगंज सीटों पर सिर्फ 5-5 प्रत्याशी अपना भाग्य आजमाएंगे, जिससे सीधी टक्कर दिख रही है। चुनाव में कुल 1302 प्रत्याशी मैदान में हैं।
Bihar Election 2025 : चुनाव प्रचार में बड़े नेताओं की धुआंधार रैलियां
प्रचार के अंतिम दिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, तेजस्वी यादव, चिराग पासवान जैसे तमाम नेताओं ने लगातार रैलियां करके सत्ता का समीकरण बदलने की कोशिश की। मोदी ने विकास कार्यों की चर्चा की, नीतीश ने सुशासन का दावा किया, तेजस्वी ने रोजगार और युवाओं को जोड़ने का वादा किया, तो चिराग ने एनडीए के अंदर अपनी स्थिति मजबूत दिखाने का प्रयास किया। प्रचार में आरोप-प्रत्यारोप, योजनाओं और वादों की बारिश ने चुनावी माहौल को गर्मा रखा।
Bihar Election 2025 : वोटिंग की सुरक्षा और पारदर्शिता
इस बार के चुनाव में सुरक्षा के अभूतपूर्व बंदोबस्त किए गए हैं। कुल 1650 कंपनियां तैनात की गई हैं, वहीं कई जिलों में संवेदनशील बूथों पर अतिरिक्त सुरक्षाकर्मी तैनात रहेंगे।इस चरण में मतदान के लिए कुल 45,399 बूथ बनाए गए हैं, जिनमें से 595 महिलाएं संचालित करेंगी, 91 दिव्यांगजन संचालित और 316 मॉडल बूथ होंगे। हर बूथ पर औसतन 815 वोटर हैं। 4109 बूथों को संवेदनशील घोषित किया गया, उनपर वोटिंग का समय घटाया गया है। 4003 बूथों पर शाम 4 बजे और बोधगया के 106 बूथों पर शाम 5 बजे तक मतदान होगा। बाकी 41,290 बूथों पर वोटिंग सुबह 7 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगी।
Bihar Election 2025 : बिहार चुनाव 2025 का महत्व
बिहार चुनाव का दूसरा चरण इस बार रिकॉर्ड वोटिंग का गवाह बनने की संभावना है। पिछले विधानसभा और लोकसभा के मुकाबले इस साल पहली बार पहले चरण में रिकॉर्ड 64.6% मतदान दर्ज हुआ और महिलाओं की सक्रिय भागीदारी ने लोकतंत्र का रंग और गहरा कर दिया। रिपोर्ट्स के अनुसार, इस बार सुरक्षा और पारदर्शिता के लिए वेबकास्टिंग, फोटो स्पॉट्स, रंगीन पंडाल और मतदान केंद्रों की सजावट जैसे कई नवाचार किए गए हैं, जिससे मतदाता का अनुभव बेहतर और मतदान का उत्साह बढ़ा है।
Bihar Election 2025 : विकास बनाम मुद्दे: जनता का मूड
सुरक्षा, विकास, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और जातीय समीकरण इस चुनाव में सबसे प्रमुख मुद्दे हैं। प्रदेश के युवा मतदाता बदलाव की ओर देख रहे हैं, महिलाएं पिछले चुनाव की तुलना में संख्या और भागीदारी में आगे हैं। एनडीए और महागठबंधन दोनों ही अपने-अपने वादों और एजेंडा पर जनता को आकर्षित करने की कोशिश कर रहे हैं। एनडीए जहाँ अपने सुशासन और विकास पर ज़ोर दे रहा है, वहीं महागठबंधन बेरोजगारी, महंगाई, किसान और मजदूरों के मुद्दों को उठा रहा है।खास बात यह कि इस बार के चुनाव में सामाजिक और राजनीतिक समीकरण काफी बदलते नजर आ रहे हैं, जिससे नतीजे अप्रत्याशित हो सकते हैं।
Bihar Election 2025 : वोटर एक्टिविटी और जश्न
चुनाव आयोग ने सभी बूथों पर निष्पक्ष चुनाव के लिए वेबकास्टिंग की व्यवस्था की है, ताकि कोई भी गड़बड़ी न हो सके। कई बूथों पर आपको रंग-बिरंगे पंडाल, फोटो स्पॉट्स, यूथ वालेंटियर्स और हेल्प डेस्क मिलेंगे; दिव्यांगजन और सीनियर सिटिजन्स के लिए ट्रांसपोर्ट का इंतजाम और महिला सुरक्षा बल की तैनाती भी रहेगी।लोकतंत्र के इस महापर्व में हर आयु, जाति, धर्म, लिंग के मतदाता की भागीदारी बढ़ रही है, जिससे चुनाव का माहौल चापलूसी वाद विवाद में भी लोकतांत्रिक रंग भर गया है।
Bihar Election 2025 : चुनाव के नतीजों पर टिकी निगाहें
प्रचार समाप्ति के साथ ही अब जनता के हाथ में है बिहार के भविष्य का फैसला। सभी की नजरें 14 नवंबर पर टिकी होंगी, जब मतगणना होगी और नए विधानसभा का जनादेश साफ हो जाएगा। क्या रुझान पूरी तरह बदलेंगे? कौन बनेगा सत्ता का भाग्यविधाता? जनता का फैसला ही सबसे बड़ा फैसला होगा।






