नई दिल्ली | 25 मार्च 2026: केंद्र सरकार ने रसोई गैस उपभोक्ताओं के लिए एक बेहद सख्त और बड़ा फैसला लिया है। अगर आपके इलाके में पाइप वाली गैस यानी पीएनजी पहुंच चुकी है, तो अब आपके घर LPG Cylinder की डिलीवरी नहीं की जाएगी। सरकार ने इसके लिए बाकायदा एक नई गाइडलाइन जारी कर दी है।
3 महीने का अल्टीमेटम, कनेक्शन लेना अनिवार्य
सरकार के नए आदेश के मुताबिक, जिन शहरी इलाकों या हाउसिंग सोसायटियों में पीएनजी का नेटवर्क मौजूद है, वहां के लोगों को हर हाल में पीएनजी अपनाना होगा।
अधिकृत गैस एजेंसी द्वारा सूचना दिए जाने के ठीक तीन महीने बाद उस पते पर LPG Cylinder की सप्लाई पूरी तरह से रोक दी जाएगी। यह नियम अब लोगों की मर्जी पर नहीं छोड़ा गया है। यह छूट केवल उन्हीं उपभोक्ताओं को मिलेगी जिनके घर में तकनीकी कारणों से पाइपलाइन बिछाना बिल्कुल असंभव हो। इसके लिए भी सप्लायर से लिखित में अनापत्ति प्रमाण पत्र लेना अनिवार्य होगा।
48 घंटे में चालू होगा कनेक्शन
हमारी स्पेशल डेस्क की एक्सक्लूसिव रिपोर्ट के अनुसार, पाइपलाइन बिछाने के काम को मिशन मोड में डाल दिया गया है। नई व्यवस्था के तहत कंपनियों को उपभोक्ताओं का आवेदन मिलने के 48 घंटे के भीतर गैस कनेक्शन चालू करना होगा।
इसके साथ ही, हाउसिंग सोसायटियों को भी तीन दिन के भीतर गैस कंपनियों को काम करने के लिए एंट्री देनी होगी। कोई भी कंपनी अब किसी भी बहाने से ग्राहक का आवेदन खारिज नहीं कर सकेगी।
क्यों लिया गया इतना बड़ा फैसला?
इस कड़े फैसले के पीछे ग्लोबल एनर्जी क्राइसिस एक बड़ी वजह मानी जा रही है। युद्ध और अंतरराष्ट्रीय तनाव के कारण गैस आपूर्ति प्रभावित हुई है।
सरकार का मुख्य लक्ष्य शहरी क्षेत्रों को तेजी से पीएनजी पर शिफ्ट करना है। ऐसा करने से जो LPG Cylinder बचेंगे, उन्हें देश के उन दूरदराज और ग्रामीण इलाकों तक आसानी से पहुंचाया जा सकेगा जहां अभी तक गैस पाइपलाइन का पहुंचना बाकी है।
हमारा निष्कर्ष
खबर आंगन की डेस्क का मानना है कि यह फैसला राष्ट्रीय ऊर्जा सुरक्षा के लिहाज से एक मास्टरस्ट्रोक है। हालांकि शुरुआत में शहरी उपभोक्ताओं को यह बदलाव थोड़ा असुविधाजनक लग सकता है, लेकिन लंबी अवधि में पीएनजी गैस, सिलेंडर के मुकाबले काफी सस्ती और सुरक्षित साबित होती है।
साथ ही, इससे बार-बार सिलेंडर बुक करने और डिलीवरी का इंतजार करने का झंझट भी हमेशा के लिए खत्म हो जाएगा। जिन लोगों के इलाके में पाइपलाइन बिछ चुकी है, उन्हें बिना किसी देरी के पीएनजी के लिए आवेदन कर देना चाहिए ताकि भविष्य में गैस सप्लाई कटने जैसी भारी परेशानी से बचा जा सके।
Disclaimer: यह खबर ‘Khabar Aangan’ की स्पेशल डेस्क द्वारा पेट्रोलियम मंत्रालय के हालिया आदेशों और आवश्यक वस्तु अधिनियम के नए दिशा-निर्देशों के गहन विश्लेषण के आधार पर तैयार की गई है।
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